जयराम ठाकुर का बयान आ रहा था कि एक मंत्री के खिलाफ जांच की गई है। किसी के खिलाफ भी चिट्ठी आती है तो उन्हें फाइल करने की एक प्रशासनिक प्रक्रिया होती है।
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर की ओर से उप मुख्यमंत्री या मंत्री के खिलाफ जांच शुरू करने के आरोप पर सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि सरकार के पास चिट्ठियां आती रहती हैं। उन्हें फाइल किया जाता है। जयराम ठाकुर का बयान आ रहा था कि एक मंत्री के खिलाफ जांच की गई है। किसी के खिलाफ भी चिट्ठी आती है तो उन्हें फाइल करने की एक प्रशासनिक प्रक्रिया होती है। कई बार मुख्यमंत्री या उप मुख्यमंत्री के खिलाफ चिट्ठी भी आती है। अनेक बार राज्यपाल से भी मार्क होकर आती है।
राज्य सचिवालय के बाहर मीडिया से अनौपचारिक बात करते हुए सीएम सुक्खू ने कहा कि सरकार ने न तो मंत्री के खिलाफ कोई जांच शुरू की है और न ही भाजपा की पिछली सरकार के मंत्रियों के खिलाफ जांच शुरू की है। जयराम के खिलाफ भी चिट्ठी आई थी। उसे भी फाइल किया गया है। कोई तर्क के साथ आए और एफीडेविट के साथ आए तो फिर तो बात की जा सकती है। कोई किसी के ट्रांसफर से नाराज होता है तो फिर इस तरह की बात की जाती है। ऐसी चिट्ठियों को फाइल करना एक प्रक्रिया है। जयराम ठाकुर भविष्यवक्ता बनना बंद कर दें। उन्होंने भविष्यवक्ता बनकर तीन निर्दलीय प्रत्याशियों से इस्तीफे दिला दिया। भाजपा पांच भागों में बंटी है, कांग्रेस को बांटने का प्रयास न करें। इस तरह की चिट्ठियां जयराम ठाकुर के समय भी आती थीं।
