Putin Nuclear Briefcase व्लादिमीर पुतिन जब चीन दौरे पर थे, तब उनके एक ब्रीफकेस का जूम शॉट खूब वायरल हुआ था, जिसमें न्यूक्लियर बटन होने का दावा किया गया था. जानें इस ब्रीफकेस में क्या वाकई कोई बटन होता है या फिर इसमें कुछ और ही मौजूद होता है. इस ब्रीफकेस का एक नाम करण भी किया गया है ‘चेगेत’ आइये आपको बताते हैं इससे कैसे ऑपरेट होती हैं न्यूक्लियर मिसाइल.
दुनिया के सबसे पावरफुल लीडर्स में गिने जाने वाले व्लादिमीर पुतिन भारत दौरे पर आए थे . भारत विजिट पर उनके विमान, कार और सिक्योरिटी को लेकर तमाम तरह के दावे किए जा रहे हैं. रूसी राष्ट्रपति जब भी किसी विदेश दौरे पर जाते हैं, उनकी सिक्योरिटी और अलग-अलग तरह के ब्रीफकेस सुर्खियों में रहते हैं. चीन यात्रा के दौरान उनका उनका न्यूक्लियर सूटकेट खूब चर्चा में रहा था, जिसके बाद कहा जा रहा है कि पुतिन अपने देश का न्यूक्लियर बटन साथ लेकर घूमते हैं.
आगे जानें क्या है ये सूटकेस और कैसे ऑपरेट होता है? Putin Nuclear Briefcase
Putin का Nuclear Briefcase Cheget भारत यात्रा के दौरान तो ऐसा कुछ नहीं दिखा लेकिन पुतिन की चीन यात्रा पर एक सूटकेट खूब वायरल हुआ था. चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बैठक के बाद, पुतिन को सुरक्षाकर्मियों के बीच दूसरी बैठक की ओर जाते हुए कैमरे में कैद किया गया. उनके पीछे रूसी नौसेना के वर्दी पहने हुए दो लोग चल रहे थे, जिनमें से प्रत्येक के पास एक ब्रीफकेस था. इस ब्रीफकेस के क्लोज-अप शॉट ने सारी दुनिया का ध्यान खींच लिया था. आमतौर पर, रूस का यह परमाणु ब्रीफकेस नौसेना का एक अधिकारी ले जाता है.
ब्रीफकेस के अंदर होता क्या है?
बता दें कि पुतिन के साथ ये न्यूक्लियर ब्रीफकेस जरूर रहता है लेकिन न्यूक्लियर बटन जैसी कोई चीज नहीं होती है. इस ब्रीफकेस को ‘चेगेट’ कहा जाता है, ये नाम काकेशस पहाड़ों में माउंट चेगेट पर है. कहा जाता है. इसमें कोई बटन नहीं होता है बल्कि ये परमाणु लॉन्च सिस्टम का एक अहम हिस्सा होता है. ब्रीफकेस में कुछ ऐसा सिस्टम होता है, जो न्यूक्लियर फैसलों का कम्युनिकेशन केंद्र होता है, जिससे जिससे राष्ट्रपति, कमांड की आगे की चेन और न्यूक्लियर फोर्स एक साथ जुड़ते हैं.
इस सिस्टम का सुप्रीम कमांडर इन चीफ रूस के राष्ट्रपति होते हैं और उन्हें ही आदेश देना का अंतिम अधिकार होता है. इस आदेश में किसी तरह की जल्दबाजी या गलती ना हो इसके लिए कमांड की एक पूरी चेन होती है, जिसमें कई अधिकारी शामिल होते हैं. बताया जाता है कि राष्ट्रपति जैसे ही ब्रीफकेस रूस के मंत्री और जनरल स्टाफ के प्रमुख के पास भी होते हैं.
